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जल जीवन मिशन : स्‍कूलों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में पीने के लिए पाइपयुक्‍त जल आपूर्ति उपलब्‍ध कराने की विशेष मुहिम को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ाया गया

जल जीवन मिशन : स्‍कूलों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में पीने के लिए पाइपयुक्‍त जल आपूर्ति उपलब्‍ध कराने की विशेष मुहिम को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ाया गया

जल जीवन मिशन के तहत विद्यालयों, आंगनबाड़ी केन्‍द्रों (एडब्‍ल्‍यूसी) तथा आश्रमशालाओं में नल जल कनेक्‍शन उपलब्‍ध कराने के लिए जल शक्ति मंत्रालय के 100 दिवसीय विशेष अभियान को राज्‍यों तथा केन्‍द्र शासित प्रदेशों से बहुत अच्‍छी प्रतिक्रिया प्राप्‍त हुई है, जिसमें से कई राज्‍यों ने सभी विद्यालय तथा एडब्‍ल्‍यूसी में 100 प्रतिशत परिपूर्णता दर्ज कराई है। कुछ राज्‍यों/केन्‍द्र शासित प्रदेशों ने संकेत दिया है कि उन्‍हें इस कार्य को पूरा करने तथा इस नेक प्रयोजन के लिए आरंभ किए जा रहे प्रयासों को बनाए रखने के लिए कुछ और अधिक समय की आवश्‍यकता है। अच्‍छी प्रतिक्रिया तथा प्रयासों को बनाए रखने की आवश्‍यकता पर विचार करते हुए जल शक्ति मंत्रालय ने अभियान को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ा दिया है।

100 दिनों की अवधि के अभियान के तहत आंगनबाड़ी केन्‍द्रों (एडब्‍ल्‍यूसी), स्‍कूलों तथा आश्रमशालाओं को पीने के पाइपयुक्‍त जल की आपूर्ति का प्रावधान करने के सतत प्रयास किए जा रहे हैं। अभी त‍क 1.82 लाख धूसर जल प्रबंधन संरचना, 1.42 लाख वर्षा जल संचयन संरचनाओं का विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में निर्माण किया गया है। अभी तक कुल मिलाकर 5.21 लाख विद्यालयों तथा 4.71 लाख आंगनबाड़ी केन्‍द्रों को पाइपयुक्‍त जलापूर्ति उपलब्‍ध कराई गई है। इसके अतिरिक्‍त, इन स्‍कूलों तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में लगभग 8.24 लाख परिसंपत्तियों की जियो टैगिंग भी की गई है।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने गांधी जयंती पर 2 अक्‍टूबर, 2020 को ‘100 दिनों के अभियानकी शुरुआत की प्रेरणा दी थी जिससे कि देश भर में विद्यालयों, आश्रमशालाओं तथा आंगनबाड़ी केन्‍द्रों में पाइपयुक्‍त सुरक्षित जलापूर्ति सुनिश्चित की जा सके। उन्‍होंने राज्‍यों से पीने के लिए तथा मिड-डे-मील पकाने, हाथ धोने तथा शौचालयों में उपयोग करने के लिए इन सार्वजनिक संस्‍थानों में पीने के पाइपयुक्‍त जल आपूर्ति का प्रावधान सुनिश्चित करने के लिए इस अभियान का सर्वश्रेष्‍ठ उपयोग करने की भी अपील की थी। 

 

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